पलामू।
नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय में सामने आई वित्तीय अनियमितताओं को लेकर अब कानूनी कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। अखिल पलामू छात्र संघ और एनएसयूआई के प्रतिनिधिमंडल ने झारखंड के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर से मुलाकात कर विश्वविद्यालय के वित्तीय मामलों, विशेष अंकेक्षण में सामने आई आपत्तियों और जिम्मेदार पदाधिकारियों पर कार्रवाई की मांग रखी।
प्रतिनिधिमंडल से बातचीत के दौरान वित्त मंत्री ने एनपीयू के कुलपति के विरुद्ध भ्रष्टाचार से जुड़े मामले में प्राथमिकी दर्ज कराने की दिशा में कार्रवाई की बात कही। उन्होंने इस संबंध में राज्यपाल सह कुलाधिपति संतोष कुमार गंगवार से टेलीफोन पर बातचीत कर कार्रवाई का आग्रह किए जाने की जानकारी दी।
छात्र संगठनों ने मांग की कि विशेष अंकेक्षण में सामने आए वित्तीय मामलों की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदारी तय की जाए। जिन अधिकारियों या पदाधिकारियों की भूमिका सामने आती है, उनके खिलाफ नियमानुसार प्राथमिकी और विभागीय कार्रवाई की जाए। साथ ही, यदि सरकारी राशि के नुकसान की पुष्टि होती है तो उसकी वसूली भी सुनिश्चित की जाए।
प्रतिनिधिमंडल के अनुसार, वित्त मंत्री ने उच्च शिक्षा निदेशक राहुल पुरवार से भी फोन पर बातचीत कर एनपीयू मामले में आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई और प्राथमिकी की दिशा में पहल करने की बात कही।
मुलाकात के दौरान छात्राओं ने वित्त मंत्री को पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मानित किया, जबकि छात्रों ने शॉल ओढ़ाकर उनका अभिनंदन किया। छात्र नेताओं ने कहा कि विश्वविद्यालय जैसे उच्च शिक्षण संस्थान में वित्तीय पारदर्शिता और जवाबदेही बेहद जरूरी है। आपसू और एनएसयूआई नेताओं ने कहा कि सरकारी राशि जनता की राशि है। इसलिए वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों में केवल जांच और पत्राचार तक सीमित रहने के बजाय जिम्मेदारी तय कर कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
प्रतिनिधिमंडल में आपसू से राहुल कुमार दुबे, कमलेश कुमार पाण्डेय, राज नेहा चौबे, सानिया अग्रवाल व प्रिया प्रजापति तथा एनएसयूआई से अमरनाथ तिवारी और रिसुराज दुबे शामिल रहे। छात्र संगठनों ने कहा कि एनपीयू में वित्तीय पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग को लेकर उनका अभियान आगे भी जारी रहेगा।






