मेदिनीनगर।
नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय के मानविकी संकाय अंतर्गत हिंदी विभाग में सोमवार को शोधार्थी विनीता विभाकर की पीएचडी मौखिक परीक्षा (वाइवा-voce) आयोजित की गई। शोधार्थी ने “उदय प्रकाश की कहानियों का गवेषणात्मक अध्ययन” विषय पर अपना शोध कार्य प्रस्तुत किया।
मौखिक परीक्षा की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग की डॉ. मनोरमा सिंह ने की। शोधार्थी की मार्गदर्शक गणेश लाल अग्रवाल महाविद्यालय के हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. विभा शंकर रहीं। वहीं, बाह्य परीक्षक के रूप में विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से विशेषज्ञ उपस्थित रहे।
वाइवा के दौरान शोधार्थी विनीता विभाकर से उनके शोध विषय से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछे गए, जिनका उन्होंने संतोषजनक ढंग से उत्तर दिया। शोध कार्य और मौखिक परीक्षा में उनके प्रदर्शन के आधार पर उन्हें पीएचडी की उपाधि प्रदान किए जाने की अनुशंसा की गई।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के डीएसडब्ल्यू सुरेंद्र पांडेय, गणेश लाल अग्रवाल महाविद्यालय की प्रभारी प्राचार्या डॉ. ऋचा सिंह, एस.के. मिश्रा, राजेंद्र सिंह, वीरेंद्र कुमार, संजय बड़ा, आशुतोष पांडेय, गजेंद्र सिंह, खुर्शीद आलम, अजय कुमार पासवान, आरती कुमारी, डॉ. सौरभ कुमार सहित विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय के शिक्षक, शोधार्थी और विद्यार्थी उपस्थित रहे।
शोधार्थी विनीता विभाकर की उपलब्धि पर उपस्थित शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं। साथ ही उनके उज्ज्वल शैक्षणिक एवं शोध जीवन की कामना की।






